भारत सरकार ने गुरुवार को सोशल मीडिया, ओटीटी प्लैटफॉर्म और वेबसाइट पोर्टल्स के लिए गाइडलाइंस जारी कर दी हैं. सरकार की ओर से प्रकाश जावड़ेकर और रविशंकर प्रसाद ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में इस बाबात जानकारी दी. प्रसाद ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर गाइडलाइंस बनाई गई हैं.
- कंपनियों को शिकायत अधिकारी नियुक्त करना होगा
- किसी भी आपत्तिजनक कंटेट को 24 घंटे में हटाना होगा
- पोस्ट क्यों हटाई गई, कंपनियों को ये बताना होगा
- आपत्तिजनक कंटेंट को सबसे पहले किसने पोस्ट या शेयर किया इसकी जानकारी मांगे जाने पर देनी होगी
- एजेंसियों से तामलमेल के लिए नोडल अधिकारी
- तैनात किए जाने वाले अफसर की तैनाती भारत में होनी चाहिए
- 6 महीने में शिकायतों पर रिपोर्ट देनी जरुरी होगी.
- कंपनियों को बताना होगा कंटेट कैसा तैयार किया जाता है
- सभी को सेल्फ रेगुलेशन को लागू करना होगा
- इसके लिए एक बॉडी भी बनाई जाएगी
- जिसे सुप्रीम कोर्ट के रिटायर्ड जज हेड करेंगे
- गलती करने पर वेब पोर्टल को माफी प्रसारित करनी होगी
- प्रेस काउंसिल के नियम वेब पोर्टल
- यहां ना सेल्फ रेगुलेशन है ना कोई नियम
- दर्शकों की उम्र के हिसाब से कंटेट का वर्गीकरण होगा
- भाषा, हिंसा के आधार पर श्रेणिया होंगी
- डिजिटल लॉक की सुविधा देनी होगी
- प्रोग्राम कोड का इस्तेमाल करना होगा